Home News Articles About Contact Subscribe
News

पेपर लीक पर सख्त कानून: लोकसभा में ‘लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026’ पर तीखी बहस

August 1, 2026 1 min read
पेपर लीक पर सख्त कानून: लोकसभा में ‘लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026’ पर तीखी बहस

NEET विवाद के बाद सरकार लाई संशोधन विधेयक, विपक्ष और सत्ता पक्ष में आमने-सामने की बहस

विधेयक की पृष्ठभूमि

देश में प्रतियोगी और प्रवेश परीक्षाओं में पेपर लीक की बढ़ती घटनाओं के बीच सरकार ने लोकसभा में ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) संशोधन विधेयक, 2026’ पेश किया है। यह विधेयक 2024 में बने मूल कानून को और सख्त बनाता है। इसकी पृष्ठभूमि में मई 2026 का वह विवाद है, जब कथित पेपर लीक के आरोपों के बाद NEET 2026 परीक्षा रद्द कर अगले महीने दोबारा कराई गई थी। इसी घटना ने सरकार को संशोधन लाने पर मजबूर किया।

सदन में क्या हुआ

लोकसभा में विधेयक पर हुई बहस काफी गरमागरम रही। केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने विधेयक का बचाव करते हुए विपक्ष पर पलटवार किया। उन्होंने 2009 और उससे पहले के कई कथित पेपर लीक मामलों का हवाला देते हुए तर्क दिया कि यह समस्या मौजूदा सरकार से पहले की है। उन्होंने 2017 में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की स्थापना और परीक्षाओं में अनुचित साधनों को रोकने के लिए एक समर्पित कानूनी ढांचा बनाने को सरकार की उपलब्धि बताया।

विपक्ष ने पलटकर सवाल उठाया कि जब पहले भी कानून मौजूद थे, तो लीक क्यों नहीं रुके — यानी असली मुद्दा कानून का न होना नहीं, बल्कि उसका सख्ती से पालन न होना है।

विधेयक में क्या नया है

संसदीय शोध संस्था PRS Legislative Research के अनुसार, संशोधन विधेयक का मकसद पेपर लीक और परीक्षाओं में संगठित धांधली के मामलों में और कड़ी कार्रवाई का प्रावधान करना है। मूल कानून में पहले से ही ऐसे अपराधों के लिए जेल और भारी जुर्माने का प्रावधान है; संशोधन इन प्रावधानों को और मज़बूत करने की दिशा में है।

क्यों मायने रखता है

देश में हर साल करोड़ों छात्र सरकारी नौकरी और उच्च शिक्षा में प्रवेश के लिए परीक्षाएं देते हैं। एक भी लीक लाखों ईमानदार अभ्यर्थियों की मेहनत पर पानी फेर देता है और परीक्षा प्रणाली पर भरोसा हिला देता है। यही वजह है कि यह विधेयक सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि करोड़ों युवाओं के भविष्य से जुड़ा भावनात्मक मुद्दा है। असली परीक्षा अब कानून बनने के बाद उसके ज़मीनी अमल की होगी।

स्रोत: बिज़नेस टुडे, PRS Legislative Research, न्यूज़ ऑन एयर

Share this article
More From News

Keep Reading

RBI की बैठक आज से: रेपो रेट टिके रहने के आसार, आपकी EMI और FD पर क्या असर पड़ेगा

ग्रोथ 7 प्रतिशत से ऊपर, फिर भी ब्याज दर घटने के आसार कम — SBI रिसर्च के मुताबिक़ महंगाई और रुपये का दबाव इस बार “यथास्थिति” की ओर ले जाएगा। बैठक कब, फ़ैसला कब भारतीय रिज़र्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति (MPC) की तीन दिवसीय बैठक 3 से 5 अगस्त 2026 तक चल रही है। […]

नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत: 100 हफ़्ते का अभियान, हर रविवार एक कार्यक्रम — असली परीक्षा क्या है

28,000 से ज़्यादा जगहों से जुड़े एक करोड़ से अधिक युवाओं के साथ शुरू हुआ 100 हफ़्ते का जन-भागीदारी अभियान — पर पिछली कोशिशों से यह कितना अलग है? क्या शुरू हुआ और कैसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2 अगस्त 2026 को सुबह 11 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए “नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत […]

स्वात में शांति रैली के बाद आत्मघाती धमाका: 14 की मौत, निशाने पर वही लोग जो अमन माँग रहे थे

खैबर पख्तूनख्वा के कबल थाने के बाहर हुआ विस्फोट उस घाटी को फिर दहला गया, जो कभी पाकिस्तानी तालिबान के कब्ज़े में थी — और जहाँ लोग अब सड़कों पर उतरकर अमन माँग रहे थे। कबल में हुआ क्या पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिमी स्वात ज़िले में रविवार, 2 अगस्त को एक संदिग्ध आत्मघाती हमलावर ने कम […]